Sunday, May 26, 2024

रक्त का कोई विकल्प नही, रक्त के जरूरतमंद मरीजों का जीवन बचाने के लिए रक्तदान अवश्य करें - अशोक कुमार गुप्ता


रक्त का कोई विकल्प नही, रक्त के जरूरतमंद मरीजों का जीवन बचाने के लिए रक्तदान अवश्य करें - अशोक कुमार गुप्ता


बागपत, उत्तर प्रदेश

रोटरी क्लब अग्रवाल मण्ड़ी टटीरी और जिला ब्लड़ बैंक बागपत ने संयुक्त रूप से रविवार को अग्रवाल धर्मशाला अग्रवाल मण्ड़ी टटीरी में विशाल रक्तदान शिविर का आयोजन किया। रक्तदान शिविर में डिस्ट्रिक्ट 3100 के गवर्नर रोटेरियन अशोक कुमार गुप्ता ने मुख्य अतिथि और जिला ब्लड़ बैंक बागपत की प्रभारी डा ऐश्वर्या चौधरी ने विशिष्ट अतिथि के रूप में शिरकत की। शिविर में 30 रक्तदाताओं ने अपने रक्त का दान किया।

 शिविर में आये अतिथियों को पटका व माला पहनाकर तथा पुष्पगुच्छ व पौधे भेंट कर सम्मानित किया गया। अशोक कुमार गुप्ता ने उपस्थित लोगों को सम्बोधित करते हुए कहा कि रक्त का कोई विकल्प नही है। हम रक्तदान करके रक्त के जरूरतमंद मरीजों का जीवन बचाने में महत्वपूर्ण योगदान करते है। डा ऐश्वर्या चौधरी ने कहा कि अस्पतालों में निरन्तर रक्त की मांग रहती है। रक्त बैंक रक्त की पर्याप्त आपूर्ति बनाये रखने के लिए रक्तदाताओं पर निर्भर रहते है और उनके इस नेक कार्य में रोटरी क्लब जैसी संस्थाएं महत्वपूर्ण योगदान करती है। कहा कि जिनकी आयु 18 वर्ष से अधिक और जिनका वजन 50 किलोग्राम से अधिक है वह स्वस्थ व्यक्ति रक्तदान कर सकता है। रक्तदाता रक्तदान करते समय 3 महीने का समय अन्तराल अवश्य रखें। रोटरी क्लब अग्रवाल मंडी टटीरी के अध्यक्ष अंकुर पंडित ने कहा कि रक्तदान के महत्व का हमें तब अहसास होता है जब हमारा कोई निकटतम व्यक्ति रक्त की वजह से जिंदगी और मौत से जूझ रहा होता है। कहा कि रक्तदान एक महादान है। रक्तदान करने से जहां एक और आत्म संतुष्टि मिलती है, वहीं दूसरी और ऐसा करने से हमारा शरीर अन्दर से और मजबूत होता है। कहा कि लोगों की जान बचाने के लिए रक्तदान अवश्य करें। रोटरी क्लब अग्रवाल मंडी टटीरी के मुख्य संयोजक संजीव शर्मा, कार्यक्रम अध्यक्ष हरिओम शर्मा, उपाध्यक्ष राजीव गोयल, सचिव दीपक गोयल, कोषाध्यक्ष दीपक गर्ग उर्फ आशु ने सभी रक्तदाताओं को रक्तदान करने के लिए धन्यवाद कहा और रक्तदान शिविर के सफल आयोजन के लिए टीम के सदस्यो और सहयोगियों का आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर नेशनल अवार्डी, उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा सम्मानित वरिष्ठ पत्रकार व प्रमुख सामाजिक कार्यकर्त्ता विपुल जैन, रोटेरियन रामबाबू, प्रवीण चौधरी, नितिन मानव, राजेश कुमार, प्रवीण गोयल, उमादत शर्मा, आशु गोयल, मोंटी शर्मा, मनोज गुप्ता, सोनू गुप्ता, रोहित गोयल आदि उपस्थित थे।

Friday, April 19, 2024

भाषा विश्वविद्यालय में हुआ इंटरनेशनल कॉन्फ्रेंस का आयोजन



लखनऊ - ख़्वाजा मुईनुद्दीन चिश्ती भाषा विश्वविद्यालय लखनऊ में इंजीनियरिंग संकाय द्वारा इंटरनेशनल कॉन्फ्रेंस का आयोजन अटल हॉल में किया गया. बायोवर्स टेक्नोलॉजीस प्राइवेट लिमिटेड लखनऊ और ख़्वाजा मुईनुद्दीन चिश्ती भाषा विश्वविद्यालय लखनऊ के संयुक्त तत्वावधान में क्वॉलिटी कन्फ्लूएंस ऑफ बायोटेक, बीफार्मा, इंजीनियरिंग एंड एआई सॉल्यूशंस तो ग्लोबल प्रॉब्लम्स(QCBEPASGP-2024) नामक इंटरनेशनल कॉन्फ्रेंस का आयोजन विश्वविद्यालय के अटल हॉल में माननीय कुलपति प्रो. नरेन्द्र बहादुर सिंह के कुशल नेतृत्व में उदघाटन सत्र का आयोजन हुआ।

जिसमें इंटरनेशनल कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए प्रो. आरके दीक्षित ने कहा कि हम सभी इंटर डिसिप्लिनरी के साथ मिलकर ही डेवलपमेंट किया जा सकता है। प्रो. जेपी पांडेय, कुलपति, एकेटूयू ने भी उदघाटन में सभा को सम्बोधित करते हुए कहा है कि आज का दौर एआई का है। भारत को एआई के साथ मिलकर हम भारत को और आगे ले जा सकते है। भारत को प्रॉडक्शन बढ़ाने पर भी बल दिया। कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए भाषा विश्वविद्यालय के माननीय कुलपति प्रो. एनबी सिंह ने एआई की महत्ता को समझाते हुए अपनाने की सलाह दी। प्रो. सिंह ने कहा कि इस तरह की कॉन्फ्रेंस से ज्ञान का अर्जन कर विद्यार्थी अपना जीवन संवार सकते हैं। इंटरनेशनल कॉन्फ्रेंस के समन्वयक प्रो. सैयद हैदर अली रहे।कार्यक्रम के उदघाटन सत्र का संचालन डॉ. दोआ नकवी ने किया। जबकि धन्यवाद ज्ञापन डॉ. नीरज शुक्ला ने किया। कार्यक्रम में बायोवर्स टेक्नोलॉजीस प्राइवेट लिमिटेड से डॉ. आकाश सिंह, भाषा विश्वविद्यालय के दिन अकादमिक प्रो. सौबान सईद, प्रो. शालिनी त्रिपाठी, प्रो. एहतेशाम, अहमद, डॉ. राजेंद्र त्रिपाठी और डॉ. शान ए फातिमा सहित विश्वविद्यालय के तमाम शिक्षक और विद्यार्थी उपस्थित रहे। 

Thursday, March 14, 2024

क्या मध्य प्रदेश पुलिस की ट्रैफिक जागरूकता पोस्ट को मिल सकता है रचनात्मकता के लिए 'ऑस्कर

 क्या मध्य प्रदेश पुलिस की ट्रैफिक जागरूकता पोस्ट को मिल सकता है रचनात्मकता के लिए 'ऑस्कर




भोपाल, 14 मार्च 2024

मध्य प्रदेश पुलिस ने सोशल मीडिया पर एक ऐसा पोस्ट शेयर किया है, जिसने न सिर्फ ट्रैफिक सुरक्षा का अहम संदेश दिया है बल्कि लोगों का दिल भी जीत लिया है। हाल ही में हुए ऑस्कर नामाकरण समारोह की चर्चा का सहारा लेते हुए, मध्य प्रदेश पुलिस ने एक क्रिएटिव मीम के ज़रिए जागरूकता फैलाई है। ये मीम कुछ इस तरह है: "ऑस्कर फॉर द वर्स्ट ट्रायलॉजी एवर गोस टू, ड्रिंक + ड्राइव + जेल"


यह पोस्ट जनता के बीच ट्रैफिक सुरक्षा जागरूकता को बढ़ाने के लिए MP पुलिस के चल रहे अभियान का हिस्सा है, जो हास्य और वर्तमान घटनाओं का उपयोग करके जीवन-रक्षक संदेश देने के लिए करते हैं।


मध्य प्रदेश पुलिस का ये पोस्ट लोगों का ध्यान खींचने के साथ साथ एक गंभीर मुद्दे को भी रेखांकित करता है। संदेश स्पष्ट है: शराब पीकर गाड़ी चलाना कानूनी कार्रवाई को दावत देना है, और इससे न सिर्फ खुद बल्कि सड़क पर मौजूद अन्य लोगों को भी खतरा होता है।


ट्रैफिक सुरक्षा पर जनता को शिक्षित करने के लिए सोशल मीडिया को प्लेटफॉर्म के रूप में इस्तेमाल करना, कानून व्यवस्था से जुड़ी संस्थाओं के बीच एक नया चलन बनता जा रहा है। जानकारी को रचनात्मक और रिलेटेबल बनाकर पुलिस बड़े पैमाने पर लोगों तक, खासकर युवाओं तक अपना संदेश पहुंचा पा रही हैं, जो अक्सर सोशल मीडिया पर सबसे ज्यादा सक्रिय रहते हैं।

Friday, February 2, 2024

*राम मंदिर और रेलवे स्टेशन की स्वरूप करने वाली फार्म आर्किटेक्चर फर्म मुरलेज (MURALAGE ) आर्किटेक्ट लखनऊ में बनाया गया

 

राम मंदिर और रेलवे स्टेशन की स्वरूप करने वाली फार्म आर्किटेक्चर फर्म मुरलेज (MURALAGE ) आर्किटेक्ट लखनऊ में बनाया गया



 *लखनऊ* - राष्ट्रीय अकादमी कस्टम अप्रत्यक्ष कर और नारकोटिक्स ( NACIN) की नई ट्रेनिंग सेंटर का उद्घाटन भारत के यशस्वी प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के कर कमल द्वारा पालसमुद्रम जिला अनंतपुर आंध्र प्रदेश में किया है। यह राष्ट्रीय अकादमी देश की पहचान में एक बहुत ही खूबसूरत एवं शानदार उपलब्धि के रूप में देखा जा रहा है । जिसकी परिकल्पना एवं आर्किटेक्चर डिजाइन करने वाली संस्था देश की जानी-मानी आर्किटेक्चर फर्म मुरलेज (MURALAGE ) आर्किटेक्ट जिसका मुख्यालय लखनऊ में है, साथ ही नई दिल्ली, मुम्बई आदि कई मेट्रोपॉलिटन शहरों में ऑफिस खोला गया है। जिसके मुख्य आर्किटेक्ट सविता अग्रवाल, एवं पार्टनर आर्किटेक्ट सुमित अग्रवाल, आर्किटेक्ट नमीत अग्रवाल एवं आर्किटेक्ट इरा खुल्बे अग्रवाल हैं । यह 50वषों से देश की सेवा में समर्पित फर्म ने निकॉन सरकारी और सरकारी प्राइवेट बड़ी-बड़ी बिल्डिंगों का डिजाइन किया है अभी चंद दिनों पहले अयोध्या में प्रभु श्री राम के मंदिर के स्वरूप को लेते हुए अयोध्या धाम रेलवे स्टेशन की परिकल्पना एवं डिजाइन इसी फर्म के द्वारा किया गया है जिसका उद्घाटन भी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के कर कमल के द्वारा किया गया था। यह मुरलेज आर्किटेक्ट फर्म देश में सबसे ज्यादा मेडिकल कॉलेजों ,सुपर मल्टी स्पेशलिटी हॉस्पिटल्स, मेमोरियल बिल्डिंग और बड़े-बड़े रेजिडेंशियल बिल्डिंगों कॉम्प्लेक्सों का निर्माण करने वाली अग्रणी फर्म के रूप में जानी जाती है। जिसको कई राज्यों एवं केंद्र सरकारों से कई महत्वपूर्ण अवार्ड से सम्मानित किया जा चुका है। 


यह अकादमी बहुत ही खूबसूरत तरीके से डिजाइन किया है, जो अपने आप में देश में एकलौती बिल्डिंग के रूप में है, जिसे गृहा रेटिंग में पांचवां स्टार बिल्डिंग रेटिंग है। 

 इस अकादमी में अप्रत्यक्ष कर, कस्टम, नारकोटिक्स, इनकम टैक्स, ईडी और डायरेक्ट इनडायरेक्ट टैक्स के ऑफिसर्स की ट्रेनिंग के लिए संस्थान बनाया गया है । जिसका देश के विकास में महत्वपूर्ण योगदान है। करीब 50 प्रतिशत राजस्व इन्हीं क्षेत्रों के से देश की सरकार को प्राप्त होता है । यह साइट आंध्र प्रदेश और बेंगलुरु हैदराबाद राजमार्ग पर 500 एकड़ भूमि पर निर्मित किया गया है । इस साइट में पर्याप्त प्राकृतिक विशेषताएं हैं। और यह पलासमुद्रम टैंक के बगल में स्थित है। इस साइड से होकर पहले पलासमुद्रम तक जाने वाली विभिन्न सुन्दर धाराएं हैं। यह साइट अपने आप में बहुत ही खूबसूरत मनोरम जगह के रूप में जानी जाती है । इसमें विभिन्न पठारों और उच्चें पत्थरों के साथ एक खूबसूरत स्थल कृत परियोजना के लिए मास्टर प्लानिंग मुरलेज आर्किटेक्चर के द्वारा साइट पर पहले से मौजूद स्थलाकृति, प्राकृतिक एवं वनस्पति और पेड़ आज सहित विभिन्न प्राकृतिक विशेषताओं को ध्यान में रखते हुए की गई है। 

प्रशासनिक भवन को साइड के पहले ऊंचे ऊंचे पठार पर बनाया गया है, जहां से इसे मुख्य राजमार्ग के साथ-साथ सड़क के किनारे बिल्डिंग तक पहुंचने वाले अनेक सुंदर बिंदु से भी स्पष्ट दिखाई देता है।यह इमारत अपने आप को तब तक प्रकट करती है जब तक सड़क से उसे बिंदु तक नहीं पहुंच जाता है। इमारत को दो पूर्ण वर्गों के बीच इस तरह से डिजाइन किया गया है, कि प्रत्येक स्थान को प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से सूर्य की रोशनी और वेंटीलेशन प्राप्त होता रहे। इस इमारत को अनेक सार्वजनिक समारोहों और डिस्प्ले हाल जैसी जगहों को रखने के लिए किया गया है। बिल्डिंग के निचली मंजिलों पर और ऊपरी मंजिलों पर वरिष्ठ अधिकारियों एवं कर्मचारियों के कार्यालय बनाए गए हैं। 

इस अकादमी परिसर के भीतर निचले रास्ते से आगे बढ़ते हुए हम अकादमिक परिषद में पहुंचते हैं , जिसमें एक गोलाकार मुख्य अकादमी भवन शामिल है,यहां से सभी व्याख्यान कक्ष, प्रयोगशालाएं, कंप्यूटर लैब बनाया गया है, जो दो त्रिकोण आकार के इमारत के साथ विशिष्ट रूप से एक ऐसे आकार में डिजाइन किया गया है, जिसमें सामान्य स्थान के साथ कई खूबसूरत छटा के रूप में दिखती है। त्रिकोण के तीन कोणों पर असेंबली हाल और कार्यालयों को इस तरह से डिजाइन किया गया है, इसमें कि सीधे प्राकृतिक प्रकाश और वेंटिलेशन प्राप्त होता है । इन इमारतों को इन प्राकृतिक प्रकाश से इसकी अलग ही खूबसूरती देखने को मिल रही है। मुख्य वृताकार भवन के रेडियल इस प्रकार संरचना किया गया है जो देखने में बहुत ही दिव्य भव्य लगती है। 

यह बिल्डिंग एक ओर

रेडियल पलासमुद्रम टैंक की ओर जा रहा है, जिसमें सभागार भवन और हेलीपैड की योजना बनाई गई है, और मुख्य गोलाकार शैक्षणिक भवन पलासमुद्रम टैंक पर खुलता है, ताकि झील का विशालकाय स्वरूप और विभिन्न गलियारों और शैक्षणिक भवनों के अन्य स्थानों से उपलब्ध हो सके। यहां की भूमि तमाम शैक्षणिक भवनों से जलाशय की और नीचे की ओर जाती है,और एमपी थिएटर की भी इस दूरी से दूसरे छोर पर योजना बनाई गई है। 

पलसमुद्राम टैंक के किनारे विजिटिंग फैकल्टी के लिए फैकल्टी आवास और गेस्ट हाउस की योजना बनाई गई है। यह सभी इमारतें आगे से जुड़ी हुई हैं। 

अकादमी में छात्रावास भवन के साथ-साथ यहां के अधिकारियों कर्मचारियों एवं ट्रेनिंग लेने वाले अधिकारियों के लिए आवासीय भवनों और खेल भवनों को बनाया गया है ,तथा उसके जाने के रास्ते मास्टर प्लानिंग स्तर पर परिसर में और नीचे जाते हुए इस परियोजना की कल्पना ज्ञान के जीवन के रूप में स्थान देने वाली सभी विभिन्न योजना के भीतर विभिन्न घटकों जैसे संस्थागत, सार्वजनिक, आवासीय स्थान को एक साथ लाने की योजना के रूप में की गई है । 

 साइड के प्रवेश द्वार से लेकर साइट के नीचे की तरफ वाले हर स्थान को एक साथ देखे जा सकते हैं। यहां सभी तरीके से हरियाली एक साथ आकर लहरदार रास्ते और क्रॉस वेंटीलेशन के साथ क्रॉसिंग सड़कों के साथ ज्ञान के जीवन की तरह एक संरचना बनती है।

पलसमुद्राम टैंक के किनारे प्राकृतिक रेखा, काउंटर बिंदुओं पर जल निकायों की योजना बनाई गई है, जहां प्राकृतिक धाराएं पहले से ही बहती हैं। जिससे साइट पर सूचना और जलवायु का निर्माण होता है।

यह नई राष्ट्रीय अकादमी जो प्रत्यक्ष कर कस्टम और नारकोटिक्स विभाग के विभिन्न प्रकार के कार्यों और प्रयोजनों के लिए बनाई गई है । यह पूरा परिसर की योजना गृहा फाइव रेटिंग परियोजना के रूप में बनी है जो देश में इस प्रकार की परियोजना के लिए उपलब्ध उच्चतम रेटिंग है।

Saturday, January 13, 2024

भाषा विश्वविद्यालय: 8वें दीक्षांत समारोह में, मिले पदक, खिले चेहरे*

 *भाषा विश्वविद्यालय: 8वें दीक्षांत समारोह में, मिले पदक, खिले चेहरे* 



 *लखनऊ* - ख़्वाजा मुईनुद्दीन चिश्ती भाषा विश्वविद्यालय के 8वें दीक्षांत समारोह का आयोजन किया गया। बतादें कि सीतापुर हरदोई रोड अवस्थित ख़्वाजा मुईनुद्दीन चिश्ती भाषा विश्वविद्यालय में 8वें दीक्षांत समारोह का आयोजन किया गया। समारोह विश्वविद्यालय की शोभा यात्रा के साथ प्रारम्भ हुई। शोभा यात्रा के पश्चात राष्ट्रगीत वन्देमातरम हुआ। जिसके बाद कलश जल भरण हुआ।

जल भरण कार्यक्रम के बाद कुलगीत जो कि कवि गजेन्द्र सिंह सोलंकी जी के द्वारा रचित का गायन हुआ। समारोह के स्वागत भाषण देते हुए विश्वविद्यालय  के माननीय कुलपति प्रो. नरेन्द्र बहादुर सिंह ने कहा कि अष्ठम दीक्षांत में आए सभी का स्वागत किया। कुलपति ने कहा कि माननीय राज्यपाल के मार्गदर्शन से विद्यार्थी चरित्र निर्माण कर रहें हैं। प्रो. सिंह ने केरल के राज्यपाल को राष्ट्रवाद के संवाहक के रूप में योगदान दे रहे हैं। कुलपति ने कहा कि विश्वविद्यालय उत्तरोत्तर प्रगति कर रहा है। भाषा विश्वविद्यालय के विद्यार्थी समाज के विभिन्न क्षेत्रों में विश्वविद्यालय का नाम रौशन कर रहें हैं। उसके बाद सभी संकाय अध्यक्षों ने अपने अपने संकाय के पदक एवं पीएच. डी. उपाधि धारको के लिए माननीय कुलपति के द्वारा उपाधि एवं दीक्षा देने की घोषणा की। दीक्षा कार्यक्रम के पश्चात माननीय राज्यपाल श्रीमती आनंदीबेन पटेल ने सभी की डिग्रियां को डिजी लॉकर पर अपलोड करने का उदघाटन किया गया। इसके पश्चात पीएच. डी. डिग्रियों का वितरण किया गया। इसके बाद पदक वितरण कार्यक्रम संपन्न हुआ।


 जिसमें मुख्यत : शादाब आलम को 3 स्वर्ण पदक, अश्वनि बर्नवाल को 3, प्रिया को 2 स्वर्ण पदक, शाकिर हुसैन को तीन स्वर्ण पदक, देवेन्द्र को 2 स्वर्ण पदक, चन्द्रकेतु को 02 स्वर्ण पदक, हर्ष्टिता को 02 स्वर्ण पदक सहित विभिन्न कक्षाओं के स्वर्ण पदक, रजत पदक और कांस्य पदक माननीय राज्यपाल श्रीमती आनंदी बेन पटेल, श्री आरिफ मोहम्मद खान, योगेन्द्र, उच्च शिक्षा मंत्री, उपाध्याय, रजनी तिवारी, उच्च शिक्षा राज्य मंत्री और कुलपति प्रो. नरेन्द्र बहादुर सिंह ने प्रदान किए। इसके बाद पद्मभूषण प्रो. कपिल कपूर को डी. लिट की उपाधि राज्यपाल एवं कुलाधिपति द्वारा प्रदान की गई। समारोह को संबोधित करते हुए विशिष्ठ अतिथि उच्च शिक्षा मंत्री योगेन्द्र उपाध्याय ने कहा कि डिग्री लेने के पश्चात विद्यार्थियों को सामाजिक योगदान अवश्य देना चहिए।

समारोह में इसके बाद केरल के राज्यपाल श्री आरिफ मोहम्मद खान ने सम्बोधित करते हुए कहा कि भाषा विश्वविद्यालय के मोटो, भाषा विश्वम योजयति को अपने अंदर विकसित करने की सलाह दी। खान ने कहा कि अधिक भाषा के जानकार का चेतन स्तर दूसरों के तुलना में अधिक संवेदनशील होता है। राज्यपाल मोहम्मद आरिफ खान  ने कहा कि मानव का शरीर ही परमात्मा है। इसके बाद भारतीय प्रादेशिक लोकगीत पुस्तक का विमोचन हुआ साथ ही विभिन्न परियोजनाओं का शिलान्यास और उदघाटन भी राज्यपाल महोदय द्वारा किया गया। कार्यक्रम के अगले सत्र में विश्वविद्यालय द्वारा गोद लिए गांवों के विद्यार्थियों को उपहार दिए गए। इसके साथ ही गांव की आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को भी किट एवं उपहार का वितरण हुआ। कार्यक्रम के अगले सत्र में विश्वविद्यालय की कुलाधिपति एवं उत्तर प्रदेश की राज्यपाल श्रीमती आनंदीबेन पटेल ने दीक्षांत सभी को संबोधित करते हुए कहा कि सभी पदक एवं उपाधि प्राप्त कर्ताओं को बधाई दी। राज्यपाल ने कहा कि भारत के उदय का कारण यहां के विश्वविद्यालयों का अग्रसर होना है। आपने कहा कि भाषा विश्वविद्यालय को भी निश्चित तौर पर A++  के लिए प्रयासरत होना चाहिए। सभी विद्यार्थियों को अपने ज्ञान का अर्जन समाज के हित में लगाना चाहिए। उन्होंने छात्राओं के हीमोग्लोबिन की जांच करने को निर्देशित किया साथ ही महामहिम ने यह भी कहा की यदि किसी छात्रा का हीमोग्लोबिन कम निकलता है तो उसके अभिभावक को बुला कर उनकी काउंसलिंग की जाए एवं जांच रिपोर्ट को राजभवन भेजी जाए इसके साथ साथ उन्होंने विश्विद्यालय परिसर की सफाई को सुनिश्चित करने का निर्देशित किया। राज्यपाल ने कहा कि भाषा विश्वविद्यालय सभी विषयों में NEP लागू किया है। उन्होंने भाषा के द्वारा समन्वय, विकास की प्रस्तावना पर जोर दिया। पटेल ने कहा कि भारत भाषा के मामले में समृद्ध है। इसी के आधार पर हमें अपनी सांस्कृतिक सरंक्षण भी प्राप्त होता है।

दीक्षांत समारोह का संचालन डॉ. नीरज शुक्ला ने किया। दीक्षांत समारोह के दौरान विश्व विद्यालय के सभी शिक्षक, अधिकारी, शिक्षणेत्तर कर्मचारी सहित भारी तादाद में विद्यार्थी उपस्थित रहे।

Wednesday, January 10, 2024

*शेड्स ऑफ ड्रीम ने सजाई साहित्य और सुरों की महफ़िल

 *शेड्स ऑफ ड्रीम ने सजाई साहित्य और सुरों की महफ़िल*


 *लखनऊ* - जब एक ही मंच पर कविता, शायरी पढ़ी जा रही हो और साथ में संगीत कलाकार अपने सुर बिखेर रहे हो,श्रोता उनकी प्रस्तुति के मुरीद होकर तालियाँ बजा रहे हो। तो वह महफ़िल अपने आप ही अनूठी और शानदार हो जाती है। कुछ ऐसा ही नजारा दिखा लखनऊ के हजरतगंज के आर्टिस्ट बेयरफुट स्टूडियो में शेड्स ऑफ ड्रीम द्वारा आयोजित कार्यक्रम में। जहाँ बड़ी मात्रा में कवि, शायर और संगीत सहित तमाम विधाओं के कलाकारों ने अपनी प्रस्तुति देकर कार्यक्रम में चार चांद लगा दिए। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि यूपी सरकार के पीसीएस अधिकारी रजत पांडेय रहे। इसके अलावा प्रमुख अतिथियों में दीपक गोस्वामी(मैनेजर इंडियन बैंक), राष्ट्रीय कवियत्री वंदना विशेष, दीपिका गोस्वामी एवं आकृति तिवारी की विशेष उपस्थिति रही। सभी अतिथियों का शेड्स ऑफ ड्रीम द्वारा स्वागत किया गया। मुख्य अतिथि रजत पांडेय ने कहा कि अपने आज को बेहतर तरीके से जियो तो कितनी भी विषम परिस्थिति हो,आगे की राह अपने आप बन जाएगी इसके अलावा अन्य अतिथियों ने भी कार्यक्रम को सम्बोधित किया। राष्ट्रीय कवियत्री वंदना विशेष के काव्यपाठ ने श्रोताओं का मन मोहा वही चर्चित हास्य कवि अंकुर पाठक ने अपनी रचनाओं से महफ़िल लूट ली, उनकी साहित्यिक सेवाओ के लिए उन्हें टीम द्वारा साहित्य सम्मान प्रदान किया गया। हर्षित सिंह दीपू, काव्या मिश्रा, प्रांजल जायसवाल ,अमित यादव अनंत ने भी विशेष प्रस्तुति दी। मंच का संचालन हर्षित सिंह और अंकुर आनंदित ने किया। कार्यक्रम के अंत मे विभिन्न विधाओं के विजेताओं को पुरस्कृत किया गया तथा समस्त प्रतिभागियों को सम्मान पत्र का वितरण किया गया।कार्यक्रम के प्रमुख संयोजक मो.फैसल ने सभी का आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर विजय चौधरी,राजेन्द्र, जूही मध्यान,आकांक्षा सिंह सहित सैकड़ों कवि शायर,संगीत कलाकार और श्रोता उपस्थित रहे।

Saturday, January 6, 2024

हैदरगढ़ तहसील के बरावां ग्राम के निवासी सुधांशु सिंह का राजस्व विभाग के राजस्व लेखपाल पद पर चयन

 *हैदरगढ़ तहसील के बरावां ग्राम के निवासी सुधांशु सिंह का  राजस्व विभाग के राजस्व लेखपाल पद पर चयन


हैदरगढ़ तहसील के बरावां ग्राम के निवासी सुधांशु सिंह का चयन हाल ही में राजस्व विभाग के राजस्व लेखपाल पद पर हुआ है, उनके पिता राजस्व विभाग में ही बतौर राजस्व निरीक्षक तहसील कैसरगंज में तैनात हैं। इसके पूर्व भी सुधांशु के तमाम नौकरियों में अन्तिम चयन रुकते रहे हैं।

VDO पुनर्परीक्षा 2018 में भी इनके 241 अंक हैं, साथ ही हाल ही में हुई कनिष्ठ सहायक परीक्षा में भी बहुत अच्छे अंक हैं जिसमे परिणाम आते ही इन परीक्षाओं में भी इनका चयन सुनिश्चित है. इन उपलब्धियों से परिजनों में खुशी की लहर है!

वर्ष 2016 से ही प्रतियोगी परीक्षाओं में बहुत सी परीक्षाएं इन्होंने उत्तीर्ण की हैं तथा प्रारंभिक अर्हता परीक्षा 2021 में 100 में 86 से अधिक अंक लाकर ये लेखपाल मुख्य परीक्षा के लिए चयनित हुए तथा लेखपाल मुख्य परीक्षा में 100 में 88.50  सर्वोच्च प्रकार के अंकों के साथ  राजस्व लेखपाल के पद पर चयनित हुए हैं..!

सुधांशु बेहद प्रतिभा के धनी हैं तथा उच्च शिक्षा में प्रवीण हैं बातचीत के दौरान इन्होंने बताया कि इंटरमीडिएट परीक्षा में भी इनके अंक 89% के करीब थे, इन्होंने हिन्दी और समाजशास्त्र में दो भिन्न भिन्न विषयों में परस्नातक किया है, तथा 2021 में ही इन्होंने अपनी वकालत की डिग्री, पूर्ण कर स्वयं सरकारी नौकरी को अपने करियर और जीविका का माध्यम बनाया ये नौकरी इनके परिवार के पांचवी सरकारी सेवा है, आपको बताते चलें कि इनके पिता,  बड़े भाई, भाभी, व बहन पहले से सरकारी सेवा में कार्यरत हैं।

सुधांशु अपनी इस सफ़लता का श्रेय अपनी बड़ी बहन, एवं माता-पिता तथा अन्य परिवार के सदस्यों समेत सभी गुरुजनों और अपने पूर्व में चयनित मित्रों को देते हैं। सुधांशु विभिन्न समूहों के माध्यम से हजारों प्रतियोगी अभ्यर्थियों को अपने अनुभव से मार्गदर्शन भी प्रदान कर रहे हैं..!

धूमधाम से मनाई गयी सम्राट अशोक की जयंती

  धूमधाम से मनाई गयी सम्राट अशोक की जयंती  रिपोर्ट - अमित यादव   अटरिया क्षेत्र के ग्राम टिकौली मे अखंड भारत के निर्माता महान चक...